Monthly Archive:: August 2018

देश के आजादी मे संघ का योगदान –

 कांग्रेस के नेताओं की रक्षा संघ ने की- सितम्बर १९४६ मे कांग्रेस और मुस्लिम लीग की मिली जुली सरकार का केंद्रीय असेम्बली मे  अधिवेशन प्रारंभ हुवा, तब लीगी गुंडों ने विरोध  प्रदर्शन और पथराव कर कांग्रेसी नेतोओं को अपनामित...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम -10 – नरेन्द्र सहगल

‘खंडित भारत’ की ‘आधी अधूरी’ राजनीतिक स्वतंत्रता 1942 में हुए ‘अंग्रेजों भारत छोड़ो’ आंदोलन को अपना पूर्ण समर्थन देने के साथ स्वातंत्र्य वीर सावरकर ने एक आशंका प्रकट करते हुए भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को विशेषतया महात्मा गांधी जी को चेताया था ‘‘भारत छोड़ो’ का अंत कहीं भारत...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम -९ – नरेन्द्र सहगल

‘भारत छोड़ो आंदोलन’ में स्वयंसेवकों की अतुलनीय शहादतें संघ संस्थापक डॉक्टर हेडगेवार के देहावसान के बाद संघ के सभी अधिकारी एवं कार्यकर्ता अपने नये सरसंघचालक श्री गुरुजी के नेतृत्व में डॉक्टर जी द्वारा निर्धारित कार्य-विस्तार के लक्ष्य को पूरा करने...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम -८ -नरेन्द्र सहगल

अंतिम श्वास तक ‘अखंड भारत की पूर्ण स्वतंत्रता’ की चिंता – भारतवर्ष की सर्वांग स्वतंत्रता के लिए चल रहे सभी आंदोलनों/संघर्षों पर डॉक्टर हेडगेवार की दृष्टि टिकी हुई थी, यही वजह रही कि डॉक्टर हेडगेवार ने अस्वस्थ रहते हुए भी अपनी पूरी...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम – ७ – नरेन्द्र सहगल

‘संघ शिविर’ में महात्मा गांधी के साथ डॉक्टर हेडगेवार की ऐतिहासिक भेंट- 14 फरवरी 1930 को अपने दूसरे कारावास से मुक्त होकर डॉक्टर हेडगेवार ने पुनः सरसंघचालक का दायित्व सम्भाला और संघ कार्य को देशव्यापि स्वरूप देने के लिए दिन-रात जुट गए। अब...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम -६ – नरेन्द्र सहगल

हजारों स्वयंसेवकों के साथ डॉक्टर हेडगेवार पुनः सश्रम कारावास में पूर्व में हुए असहयोग आंदोलन की विफलता से शिक्षा लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने अब एक और देशव्यापि आंदोलन करने की योजना बनाई। महात्मा गांधी जी को इस नए,...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम – ५ -नरेन्द्र सहगल

संघ स्थापना के बाद भी – १९२५ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना  के बाद भी डॉक्टर हेडगेवार ने कांग्रेस द्वारा संचालित आंदोलनात्मक गतिविधियों में भाग लेने का क्रम नहीं छोड़ा, बल्कि उन्होंने स्वयंसेवकों को इन सभी गतिविधियों में भाग लेने...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम -४ -नरेन्द्र सहगल

गहरे चिंतन/मंथन का परिणाम है ‘‘राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ’’- सन् 1922 में डॉक्टर हेडगेवार को मध्य प्रांत की कांग्रेस इकाई ने प्रांतीय सह मंत्री का पदभार सौंप दिया। डॉक्टर जी ने कांग्रेस के भीतर ही एक संगठित स्वयंसेवक दल बनाने का प्रयास किया...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम -३-नरेन्द्र सहगल

असहयोग आंदोलन में अग्रणी भूमिका – महात्मा गांधी जी द्वारा की गई घोषणा ‘‘एक वर्ष में स्वराज्य’’ पर सारा देश मुग्ध हो गया  आंदोलन जोर पकड़ता गया,गांधीजी के आवाहन पर सारा देश अहसयोग आंदोलन में हर प्रकार से शिरकत करने को तैयार हो...

डॉक्टर हेडगेवार, संघ और स्वतंत्रता संग्राम – II – नरेन्द्र सहगल

प्रथम विश्वयुद्ध के बादल -और विप्लव की तैय्यारी – नेशनल मेडिकल कॉलेज कलकत्ता से डॉक्टरी की डिग्री और क्रांतिकारी संगठन अनुशीलन समिति में सक्रिय रहकर क्रांति का विधिवत प्रशिक्षण लेकर डॉक्टर हेडगेवार नागपुर लौट आए। स्थान-स्थान से नौकरी की...